Kids Status in Hindi

जन्नत का दूसरा नाम माँ है.


मेरी परवरिश में मेरी माँ का हाथ सबसे ज्यादा है तभी आजतक मेरे अंदर अभी भी बचपन ज़िंदा है.


बच्चे कुछ नहीं में भी सब कुछ पा लेते हैं और आदमी सब कुछ में भी कुछ नहीं खोज पाते.


बच्चे वह सजीव सन्देश हैं जिन्हें हम उस समय में भेजते हैं जिसे हम देख नहीं पायेंगे.


बेटी को सूरज जैसा बनाओ ताकि घूरने से पहले सब की नजर झुक जाये.


मेरे ऐब गिनाने वाले तेरा ये ऐब मेरे हर ऐब से बडा है.


बेटी को चांद जैसा मत बनाओ कि हर कोई घूर घूर कर देखे लेकिन.


खूबसूरत था इस कदर कि महसूस ना हुआ की कैसे कहाँ और कब मेरा बचपन चला गया.


यदि पहले आप सफल नहीं होते हैं तो गुस्से में चक चलो तो कोई और आपके लिए यह करेगा बच्चों के लिए काम करता है.


बच्चों और महिलाओं से ही घर में खुशियाँ आती हैं जहां बच्चों का अपमान होता है समृद्धि उनके दरवाजे से लौट जाती है.


आज ऊँगली थाम ले मेरी तुझे मैं चलना सिखलाऊं कल हाथ पकड़ना मेरा जब मैं बूढ़ा हो जाऊं.


बचपन के दिन भी कितने अच्छे होते थे तब दिल नहीं सिर्फ खिलौने टूटा करते थे.


स्कूल का वो बैग फिर से थमा दे माँ यह जिन्दगी का बोझ उठाना मुश्किल हैं.


बचपन के किस्सों में जिन्दगी ढूढ़ते हैं वो बे परवाह बचपन वो छोटी-छोटी खवाहिशें.


वो बचपन की अमीरी न जाने कहाँ खो गई बारिश पानी और जहाज की बातें ख्वाब हो गई.